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आधार कार्ड नाम व पता बदलने के नए नियम 2026: UIDAI की नई SOP, शपथपत्र और ऑनलाइन प्रक्रिया

दिल्ली में जिन लोगों को आधार में नाम सुधारना है, शादी के बाद सरनेम जोड़ना है या पता बदलना है, उनके लिए आधार कार्ड नाम पता बदलने के नए नियम जानना ज़रूरी है, क्योंकि भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) ने नियम बदल दिए हैं। नई मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) के मुताबिक अब हर तरह के नाम सुधार के लिए एक ही सादा फॉर्म नहीं चलेगा। गलती के प्रकार के हिसाब से अलग-अलग अनुबंध शपथपत्र (Annexure Affidavit) जमा करना होगा। अपडेट: 10 अक्टूबर 2026।

स्पेलिंग की गलती, शादी या तलाक के बाद सरनेम, उर्फ हटाना और पूरा नाम बदलना, चारों के लिए अलग रास्ता तय है। इस लेख में यूआईडीएआई की नई एसओपी, ज़रूरी शपथपत्र, ऑनलाइन प्रक्रिया, शुल्क और नाम बदलने की सीमा एक जगह समझाई गई है।

Aadhaar Card Name Address Update New Rules 2026

विवरण जानकारी
नियामक प्राधिकरण भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (यूआईडीएआई)
नियम का नाम आधार नाम एवं डेमोग्राफिक अपडेट की नई एसओपी
अपडेट की तारीख 10 अक्टूबर 2026
कहां होगा काम आधार सेवा केंद्र (नाम), माई आधार पोर्टल (पता)
नाम सुधार की सीमा पूरे जीवन में अधिकतम 2 बार
डेमोग्राफिक अपडेट शुल्क आधार केंद्र पर ₹75
ऑनलाइन पता अपडेट शुल्क ₹50
बायोमेट्रिक अपडेट शुल्क ₹125 (फोटो, फिंगरप्रिंट, आईरिस)
हेल्पलाइन 1947 (टोल-फ्री)
आधिकारिक पोर्टल uidai.gov.in / myaadhaar.uidai.gov.in

नई एसओपी में क्या बदला: किस गलती के लिए कौन सा शपथपत्र

पहले नाम सुधार के लिए आम तौर पर एक पहचान प्रमाण (PoI) देना काफ़ी माना जाता था। अब आवेदक को साफ़ बताना होगा कि नाम में किस तरह का सुधार हो रहा है। नई एसओपी का मकसद नाम बदलने में होने वाली धोखाधड़ी रोकना और ऑपरेटर की डेटा एंट्री में हुई गलतियों को सही दस्तावेज़ों के साथ ठीक करना है।

नाम सुधार की स्थिति ज़रूरी शपथपत्र ज़रूरी दस्तावेज़
स्पेलिंग या डेटा एंट्री की गलती (वयस्क) अनुबंध-बी (Annexure-B) वैध पहचान प्रमाण या संबंध प्रमाण
स्पेलिंग या डेटा एंट्री की गलती (नाबालिग) अनुबंध-सी (Annexure-C) अभिभावक का पहचान पत्र और संबंध प्रमाण
शादी या तलाक के बाद सरनेम बदलना अनुबंध-डी (Annexure-D) विवाह पंजीकरण प्रमाण पत्र या वैध पहचान दस्तावेज़
नाम से उर्फ हटाना (वयस्क) अनुबंध-ई (Annexure-E) निर्धारित पहचान पत्र
नाम से उर्फ हटाना (नाबालिग) अनुबंध-एफ (Annexure-F) अभिभावक का शपथपत्र और दस्तावेज़
पहला नाम या पूरा नाम बदलना राजपत्र अधिसूचना (Gazette Notification) राजपत्र की प्रति और पुराने नाम वाला पहचान पत्र

अगर ऑपरेटर की गलती से आपके नाम की स्पेलिंग बिगड़ गई है, जबकि पैन कार्ड, दसवीं की मार्कशीट या पासपोर्ट में नाम सही है, तो 18 साल से ऊपर के लिए अनुबंध-बी और 18 साल से कम उम्र के लिए अनुबंध-सी भरना होगा।

महिलाएं शादी के बाद पति का सरनेम जोड़ने या तलाक के बाद पुराना सरनेम हटाने के लिए अनुबंध-डी का इस्तेमाल करेंगी। इसके साथ विवाह पंजीकरण प्रमाण पत्र या सक्षम प्राधिकारी का जारी प्रमाण पत्र लगाना होगा।

जिनके आधार में दो नाम दर्ज हैं, जैसे “राम कुमार उर्फ गोलू”, वे उर्फ वाला हिस्सा हटवाने के लिए अनुबंध-ई (वयस्क) या अनुबंध-एफ (नाबालिग) जमा करेंगे। पूरा नाम या पहला नाम पूरी तरह बदलना हो, तो साधारण शपथपत्र से काम नहीं चलेगा और राजपत्र में अधिसूचना प्रकाशित करानी होगी।

आधार में नाम बदलवाने की अर्ज़ी अटकने या लौटने के कारण

  1. गलत अनुबंध लगाना: स्पेलिंग की गलती के लिए शादी वाला शपथपत्र या उर्फ हटाने के लिए अनुबंध-बी जमा कर देना।
  2. दस्तावेज़ अधूरे होना: शादी के बाद सरनेम बदलना हो और विवाह पंजीकरण प्रमाण पत्र साथ न हो।
  3. नाम बदलने की दो बार की सीमा पूरी हो चुकी होना।
  4. पूरा नाम बदलना हो और राजपत्र अधिसूचना की प्रति न होना।
  5. नाबालिग के मामले में अभिभावक का पहचान पत्र या शपथपत्र न लगाना।
  6. नाम ऑनलाइन बदलने की कोशिश करना, जबकि बायोमेट्रिक और दस्तावेज़ सत्यापन के लिए आधार सेवा केंद्र जाना पड़ता है।

आधार में नाम और पता बदलने की स्टेप-बाय-स्टेप प्रक्रिया

स्टेप 1: सुधार का प्रकार तय करें

देखें कि मामला स्पेलिंग की गलती, सरनेम, उर्फ हटाने या पूरा नाम बदलने का है। इसी से अनुबंध तय होगा।

स्टेप 2: सही अनुबंध शपथपत्र और दस्तावेज़ तैयार करें

ऊपर की तालिका से अपना अनुबंध चुनें और मांगे गए प्रमाणों की फोटोकॉपी व मूल प्रति रखें।

स्टेप 3: नाम के लिए अधिकृत आधार सेवा केंद्र जाएं

नाम सुधार की प्रक्रिया बायोमेट्रिक और दस्तावेज़ सत्यापन के साथ केंद्र पर ही पूरी होती है। वहां निर्धारित शुल्क देकर पावती (रसीद) ज़रूर लें।

स्टेप 4: पता बदलना हो तो माई आधार पोर्टल खोलें

myaadhaar.uidai.gov.in पर आधार नंबर और ओटीपी से लॉग इन करें। फिर “Address Update” में जाकर “Update Address Online” चुनें।

स्टेप 5: नया पता भरें और प्रमाण अपलोड करें

नया पता दर्ज करें और उसका समर्थन करने वाला दस्तावेज़ जैसे बिजली बिल, वोटर आईडी, बैंक पासबुक, राशन कार्ड या पासपोर्ट अपलोड करें।

स्टेप 6: शुल्क देकर सर्विस रिक्वेस्ट नंबर (SRN) नोट करें

भुगतान के बाद मिलने वाला सर्विस रिक्वेस्ट नंबर (SRN) संभालकर रखें। इसी नंबर से आप अपने अपडेट की स्थिति देख सकेंगे।

स्टेप 7: एसआरएन से अपडेट का स्टेटस चेक करें

myaadhaar.uidai.gov.in पर “Check Enrolment & Update Status” खोलें और अपना एसआरएन डालें। स्क्रीन पर आपके अपडेट की ताज़ा स्थिति दिख जाएगी।

अगर आपके नाम का कोई पते वाला दस्तावेज़ नहीं है, तो माता, पिता, पति या पत्नी जैसे परिवार के मुखिया के आधार और उनकी सहमति के सहारे भी पता अपडेट हो सकता है।

दिल्ली में आधार सेवा केंद्र और ज़िला स्तर पर कहां जाएं

दिल्ली-एनसीआर में रहने वाले लोग नाम सुधार के लिए अपने नज़दीकी अधिकृत आधार सेवा केंद्र पर जा सकते हैं। उत्तर-पूर्वी, दक्षिणी और शाहदरा जैसे ज़िलों के निवासी अपने इलाके का केंद्र चुनें। केंद्र जाने से पहले उसका पता और खुलने का समय यूआईडीएआई की वेबसाइट या भुवन आधार पोर्टल पर देख लें।

कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) और ज़िला कार्यालय पर आम तौर पर आधार से जुड़ी जानकारी और शपथपत्र के प्रारूप के लिए पूछताछ की जा सकती है। शपथपत्र का प्रारूप यूआईडीएआई की वेबसाइट से लेकर नज़दीकी नोटरी या वकील से बनवाया जा सकता है।

नज़दीकी केंद्र खोजने के लिए यूआईडीएआई के भुवन आधार पोर्टल (bhuvan-app3.nrsc.gov.in/aadhaar) की मदद ली जा सकती है।

नाम बदलने की सीमा, शुल्क और ज़रूरी दस्तावेज़

सामान्य नियम के तहत आधार में नाम जीवनकाल में अधिकतम 2 बार ही सुधारा जा सकता है। अगर यह सीमा पूरी हो चुकी है और तीसरी बार नाम बदलना है, तो यूआईडीएआई के क्षेत्रीय कार्यालय (Regional Office) से विशेष अनुमति और राजपत्र अधिसूचना देनी पड़ेगी।

  • शुल्क: डेमोग्राफिक सुधार, ऑनलाइन पता अपडेट और बायोमेट्रिक अपडेट के अलग-अलग शुल्क ऊपर की तालिका में दिए गए हैं।
  • पते के प्रमाण के रूप में: बिजली बिल, वोटर आईडी, बैंक पासबुक, राशन कार्ड या पासपोर्ट।
  • शिकायत या जानकारी: टोल-फ्री 1947 या [email protected]।

असंगठित क्षेत्र के कामगार चाहें तो ई-श्रम कार्ड पेंशन योजना की जानकारी भी देख सकते हैं।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)

आधार कार्ड में नाम कितनी बार बदला जा सकता है?

सामान्य नियम में जीवनकाल में अधिकतम 2 बार। इससे ज़्यादा बार बदलने के लिए यूआईडीएआई क्षेत्रीय कार्यालय की मंज़ूरी और राजपत्र अधिसूचना की ज़रूरत पड़ती है।

क्या आधार में नाम ऑनलाइन बदला जा सकता है?

नहीं। नई एसओपी के बाद नाम सुधार की प्रक्रिया बायोमेट्रिक और दस्तावेज़ सत्यापन के लिए नज़दीकी अधिकृत आधार सेवा केंद्र पर पूरी होती है। केवल पता ऑनलाइन अपडेट किया जा सकता है।

आधार में नाम या पता बदलवाने का शुल्क कितना है?

आधार केंद्र पर नाम, जन्मतिथि या लिंग जैसे डेमोग्राफिक सुधार का शुल्क ₹75 है। ऑनलाइन पता अपडेट ₹50 में होता है और बायोमेट्रिक अपडेट पर ₹125 लगते हैं।

दिल्ली में आधार का नाम सुधार कराने कहां जाएं?

अपने नज़दीकी अधिकृत आधार सेवा केंद्र पर जाएं और साथ में सही अनुबंध शपथपत्र व दस्तावेज़ ले जाएं। केंद्र खोजने के लिए भुवन आधार पोर्टल देखें। पता और समय की जानकारी उसी पोर्टल पर मिल जाती है।

शादी के बाद आधार में सरनेम बदलने के लिए कौन सा शपथपत्र चाहिए?

शादी या तलाक के बाद सरनेम बदलने के लिए अनुबंध-डी (Annexure-D) लगता है। इसके साथ विवाह पंजीकरण प्रमाण पत्र या सक्षम प्राधिकारी का जारी प्रमाण पत्र देना होगा।

नोट: यह जानकारी 10 अक्टूबर 2026 तक उपलब्ध सूचनाओं पर आधारित है। अंतिम पुष्टि के लिए आधिकारिक पोर्टल देखें।

आधिकारिक लिंक उपयोग
uidai.gov.in नवीनतम परिपत्र और अनुबंध प्रारूप
myaadhaar.uidai.gov.in ऑनलाइन पता अपडेट
bhuvan-app3.nrsc.gov.in/aadhaar नज़दीकी आधार सेवा केंद्र खोजें

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